![]()
प्रतापगढ़ में गुरुवार कोजिला स्तरीय समृद्धि कार्यक्रम 2025-26 का आयोजन हुआ। राजस्थान स्कूल शिक्षा परिषद के निर्देश पर आयोजित इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न विद्यालयों के शिक्षकों ने हिस्सा लिया।
मुख्य जिला शिक्षा अधिकारी कमलेश तेतरवाल ने कार्यक्रम की अध्यक्षता की। तेतरवाल ने कहा कि अब शिक्षा के साथ-साथ स्कील यानी हुनर भी जरुरी है। उन्होंने कहा कि शिक्षकों को हमेशा इनोवेशन करने चाहिए। ये सोचना चाहिए कि स्कूल में क्या नया कर सकते हैं। स्टूडेंट्स को क्या नया सीखा सकते हैं। ऐसा क्या कर सकते हैं जो दूसरों से अलग हो। हमारी यही सोच हमें और छात्रों को भी आगे बढ़ाएगी।
तेतरवाल ने कहा कि मंच पर प्रस्तुति के लिए ज्ञान के साथ आत्मविश्वास भी जरूरी है। उन्होंने शिक्षकों को स्कूल की प्रार्थना सभा में नियमित रूप से बोलने और स्टूडेंट्स को प्रेरित करने की सलाह दी। उन्होंने कहा कि आजकल इंटरनेट से सामग्री आसानी से मिल जाती है, लेकिन ज्ञान रखने वाले बोल नहीं पाते और लिखने वाले अभिव्यक्त नहीं कर पाते। इसी कारण कई योग्य स्टूडेंट्स परीक्षाओं में पिछड़ जाते हैं।
कार्यक्रम में अतिरिक्त जिला परियोजना समन्वयक विकास भालोठिया, सहायक निदेशक शत्रुघ्न शर्मा और मुख्य ब्लॉक शिक्षा अधिकारी लालू राम जयसवाल समेत कई शिक्षा अधिकारी मौजूद रहे।
व्याख्याता नितेश सोमाणी, जयश्री शर्मा और अनिल टेलर ने निर्णायक की भूमिका निभाई। प्रतियोगिता में राउमावि टांडा की पुष्पा शर्मा ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। राउमावि साठपुर के विजय कुमार मेघवाल दूसरे स्थान पर रहे। राउमावि बसाड़ की वरिष्ठ अध्यापक कल्पना चतुर्वेदी ने तीसरा स्थान हासिल किया।
कार्यक्रम का संचालन लक्ष्मीकांत सुरोलिया ने किया। आयोजन की जिम्मेदारी पीओ उदयसिंह जाटव, प्रधानाचार्य भूपेंद्र तिवाड़ी और व्याख्याता जाकिर हुसैन ने संभाली।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments