स्पिक मैके (SPIC MACAY) की ओर से जयपुर में ओडिसा की पारंपरिक लोकनृत्य शैली गोटीपुआ की अद्भुत प्रस्तुति दी गई।
भारतीय शास्त्रीय संगीत और संस्कृति को युवाओं तक पहुंचाने के उद्देश्य से स्पिक मैके (SPIC MACAY) की ओर से जयपुर में ओडिसा की पारंपरिक लोकनृत्य शैली गोटीपुआ की अद्भुत प्रस्तुति दी गई। इस कार्यक्रम में प्रसिद्ध नृत्यगुरु गौतम महापात्रा एवं उनके समूह के
10 से 12 वर्ष आयु वर्ग के इन कलाकारों ने पूर्णिमा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग और विवेकानंद ग्लोबल यूनिवर्सिटी (VGU) में हुए सत्रों में विविध प्रस्तुतियां दीं। पूर्णिमा कॉलेज में कार्यक्रम का शुभारंभ जागरण नृत्य और गुरु ब्रह्मा श्लोक से हुआ। इसके बाद कलाकारों ने विनायक वंदना, कल्याण पल्लवी, वंदे मातरम् और बंध नृत्य की प्रस्तुतियां दीं।

कलाकारों ने विनायक वंदना, कल्याण पल्लवी, वंदे मातरम् और बंध नृत्य की प्रस्तुतियां दीं।
वहीं, वीजीयू में पंचवेद स्तुति से शुरुआत करते हुए कलाकारों ने अहें नील शैला, बतु, झूलंती, बसंत पल्लवी, आमे ओडिया, वंदे मातरम् और बंध नृत्य प्रस्तुत कर दर्शकों का मन मोह लिया।
प्रस्तुति के दौरान कलाकारों की भावभंगिमाओं, मनमोहक मुद्राओं और मृदंगम की लयबद्ध तालमेल ने वातावरण को अभिभूत कर दिया। कार्यक्रम के बाद कलाकारों ने छात्रों को गोटीपुआ नृत्य की बारीकियों से भी अवगत कराया और उनके सवालों के जवाब दिए।

कार्यक्रम के बाद कलाकारों ने छात्रों को गोटीपुआ नृत्य की बारीकियों से भी अवगत कराया और उनके सवालों के जवाब दिए।
स्पिक मैके नार्थ राजस्थान सह सचिव डॉ. मृणाली कांकर ने बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य नई पीढ़ी को भारतीय शास्त्रीय नृत्य और संस्कृति से जोड़ना है। वहीं नार्थ राजस्थान कोऑर्डिनेटर डॉ रचना असोपा और डॉ. कांकर ने इस सर्किट का सफल आयोजन कर जयपुर के युवा वर्ग तक इस अनूठी नृत्य शैली को पहुंचाया।
दोनों संस्थानों में आयोजित कार्यक्रमों में 500 से अधिक छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पूर्णिमा कॉलेज ऑफ इंजीनियरिंग के डायरेक्टर डॉ महेश एम. बुंदेले और वीजीयू के डॉ प्रवीण चौधरी ने कार्यक्रम का सफल संचालन सुनिश्चित किया और अंत में धन्यवाद ज्ञापन दिया। यह सर्किट कोटा से शुरू होकर अजमेर, जोधपुर, बाड़मेर, जयपुर होते हुए अलवर में सम्पन्न होगा।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments