![]()
दहेज प्रताड़ना के आरोपों के चलते द्वितीय श्रेणी शिक्षक के पद पर चयनित अभ्यर्थी को नियुक्त से वंचित करने के शिक्षा विभाग के आदेश को हाईकोर्ट ने रद्द कर दिया हैं। जस्टिस सुदेश बंसल की अदालत ने विष्णु शर्मा की याचिका पर सुनवाई करते हुए यह आदेश दिया।
अदालत ने शिक्षा विभाग को निर्देश दिए कि वह अभ्यर्थी को दो माह में नियुक्ति दें। वहीं उसे सभी नोशनल बेनिफिट अन्य अभ्यर्थियों के समान ही पहली नियुक्ति की तारीख से दिए जाए।
करीब दो साल बाद मिलेगी नियुक्ति अधिवक्ता बाबूलाल शर्मा ने बताया कि याचिकाकर्ता चयन द्वितीय श्रेणी अध्यापक भर्ती परीक्षा-2022 में हुआ था। 27 सितम्बर 2023 को जारी मैरिट लिस्ट में उसका नम्बर आया गया था। इसके आधार पर 16 दिसम्बर 2023 को उसके टोंक में नियुक्ति आदेश जारी हो गए।
लेकिन याचिकाकर्ता के खिलाफ दर्ज दहेज प्रताड़ना के मुकदमें के कारण विभाग ने 24 दिसम्बर 2023 को उसके नियुक्ति आदेशों को रद्द कर दिया। लेकिन इसी बीच याचिकाकर्ता और उसकी पत्नी के बीच समझौता हो गया।
समझौते के आधार पर हाईकोर्ट ने 8 जनवरी 2025 को उसके खिलाफ दर्ज मुकदमें को रद्द कर दिया। इस पर हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता को दो माह में नियुक्ति देने के आदेश दिए।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments