![]()
कार्यक्रम को संबोधित करते शिक्षा मंत्री मदन दिलावर।
जयपुर के झोटवाड़ा स्थित एफएलपी वर्ल्डवाइड में स्वावलंबी भारत के लिए रोजगारपरक शिक्षा विषय पर सेमिनार का आयोजन किया है। इस सेमिनार में स्वरोजगार और युवाओं के सुनहरे भविष्य के लिए विदेशी भाषाओं के योगदान पर चर्चा हुई। जिसमें शिक्षामंत्री मदन दिलावर बतौर
इस दौरान दिलावर ने कहा कि राजस्थान के युवा विदेशी भाषाओं का ज्ञान अर्जित कर विदेशों में भी अच्छे पैकेज पर नौकरियां हासिल कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि खासतौर पर जर्मन भाषा सीखकर जर्मनी में नर्सिंग, फिजियोथेरेपी और डेंटल सहित अन्य स्वास्थ्य सेवाओं में आगे बढ़ रहे हैं।
कार्यक्रम में जर्मन भाषा के विशेषज्ञ और एफएलपी वर्ल्डवाइड के डायरेक्टर जितेंद्र सेन ने बताया कि राजस्थान में यह एकमात्र ऐसा संस्थान है, जो जर्मनी के सरकारी बोर्ड ओएसडी और टेल्क से अधीकृत हैं। जिसे भारत सरकार से मान्यता प्राप्त है। उन्होंने कहा कि जर्मनी में प्रशिक्षित हेल्थकेयर प्रोफेशनल्स की भारी मांग है। जहां भारतीय युवाओं को शुरुआती वेतन पौने तीन लाख से पौने चार लाख प्रतिमाह तक मिल रहा है।
जहां उन्हें मुफ्त उच्च शिक्षा, परिवार सहित वीज़ा, छात्रवृत्ति और 3–4 वर्षों में स्थायी निवास (PR) जैसी सुविधाएँ भी प्राप्त होती हैं। जर्मनी जाकर हेल्थ सेक्टर में रोजगार तलाशने वाले युवाओं को जरूरी पात्रता एग्जाम क्लियर करना होता है। B1 या B2 स्तर की जर्मन भाषा का ज्ञान अनिवार्य है, जिसे 6–9 महीनों में पूरा किया जा सकता है।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments