☜ Click Here to Star Rating


ये रावण, कुंभकरण व मेघनाथ के पुतले।

पुरुषार्थी समाज अलवर की ओर से 2 अक्टूबर को दशहरा मैदान पर 70 फीट के रावण का दहन होगा। उससे पहले गाजियाबाद की टीम रंगीन आतिशबाजी करने पहुंचेगी। दशहरा मैदान पर करीब 10 हजार लोगों के पहुंचने का अनुमान है। जिसकी तैयारी जोरों पर है। रावण, कुंभकरण व मेघनाथ

.

कार्यक्रम संयोजक राकेश अरोड़ा ने बताया कि पुरुषार्थ समाज सन 1948 से रावण के पुतले दहन का कार्यक्रम करता आ रहा है। हर बार की तरह गाजियाबाद के कलाकारों की ओर से आकर्षक रंगीन आतिशबाजी की जाएगी। झांकी पुरुषार्थी धर्मशाला विवेकानंद चौक से शुरू होकर शहर के मुख्य मार्गों से होते हुए दशहरा मैदान पहुंचेगी। उन्होंने बताया कि अलवर में बड़ी क्रेन नहीं होने के कारण रावण के पुतले की ऊंचाई बड़ी नहीं की जा सकी है। यहां 70 फीट के आसपास ही रावण के पुतले की ऊंचाई है।

पुरुषार्थी समिति की ओर से दशहरा मैदान पर कार्यक्रम के पोस्टर का विमोचन करते हुए।

पुरुषार्थी समिति की ओर से दशहरा मैदान पर कार्यक्रम के पोस्टर का विमोचन करते हुए।

मंच को दुरुस्त किया

पुरुषार्थी समाज अलवर के अध्यक्ष कुलदीप कालरा ने बताया कि इस बार मंच को दुरुस्त किया गया है। ऊपर अतिर्थियों के बैठने की व्यस्था है। मुख्य अतिथि केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव होंगे। राज्य मंत्री संजय शर्मा विशिष्ठ अतिथित होंगे। नेता प्रतिपक्ष टीकाराम जूली सहित विधायक व अन्य नेतागण भी आएंगे। अलवर कलेक्टर अर्तिका शुक्ला व एसपी सुधीर चौधरी सहित प्रशासन की टीम रहेगी। पुलिस की व्यवस्था पूरी रहेगी। निगम की टीम भी मुस्तैद होंगी। रावण 70 फुट , 60 फुट कुंभकरण व 55 फुट मेघनाथ के पुतले तैयार किए जा रहे हैं।

बाजारों में तैयार हो रहे रावण के पुतले भी खूब बिक रहे हैं।

बाजारों में तैयार हो रहे रावण के पुतले भी खूब बिक रहे हैं।

डीग के कारीगर गुड्डू ने बताया कि हर साल अलवर में रावण तैयार करते हैं। इस बार 20 दिन से टीम रावण के पुतले बनाने में लगी है। पुतले बनाने में बांस, लकड़ी व कागज का काम लिया जाता है। इस बार पुतले दूर से नजर आएंगे। जिसे पहले की तुलना में चमकीला अधिक बनाया है।

अलवर के दशहरा मैदान पर रावण के पुतले को बनाने की शुरूआत का फोटो।

अलवर के दशहरा मैदान पर रावण के पुतले को बनाने की शुरूआत का फोटो।

शहर में रावण के पतुले खूब बन और बिक रहे

अलवर शहर में रावण के पुतले जेल के बाहर सहित कई जगहों पर बने हैं। जहां से कॉलोनी, गली मोहल्ले व गांवों के लोग खरीद कर ले गए हैं। बाजार में भी 2000 रुपए से लेकर 50 हजार रुपए तक के रावण फुटपाथ पर तैयार किए गए हैं।



Discover more from Kuchaman City Directory

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Comments

Leave a Reply

error: Content is protected !!

Sign In

Register

Reset Password

Please enter your username or email address, you will receive a link to create a new password via email.

Discover more from Kuchaman City Directory

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading