![]()
जिले में शराब ठेकेदारों ने सामूहिक हड़ताल की और अपने ठेकों की चाबियां एडीएम सिटी को सौंप दीं।
जिले में शराब ठेकेदारों और पुलिस विभाग के बीच टकराव खुलकर सामने आ गया है। सोमवार को जिलेभर के शराब ठेकेदारों ने एकजुट होकर सामूहिक हड़ताल की और अपने ठेकों की चाबियां एडीएम सिटी को सौंप दीं। ठेकेदारों का आरोप है कि पुलिस विभाग की सख्ती के चलते उनका का
ठेकेदारों का कहना है कि पुलिसकर्मी शाम 7 बजे के बाद ही ठेकों के सामने खड़े हो जाते हैं, जिससे ग्राहक डरकर वापस लौट जाते हैं। कई बार ग्राहकों से मारपीट की घटनाएं भी सामने आई हैं। ठेकेदारों का आरोप है कि पुलिस जानबूझकर रात्रि 8 बजे से पहले ही शराब बिक्री पर रोक लगाने जैसा व्यवहार कर रही है। इससे उन्हें हर रोज लाखों रुपए का नुकसान हो रहा है।
उन्होंने बताया कि नियमों के अनुसार शराब की बिक्री रात 8 बजे तक की अनुमति है, लेकिन पुलिस इससे पहले ही ठेके बंद कराने लगती है। कुछ स्थानों पर तो शाम 7 बजे ही पुलिस पहुंच जाती है और ग्राहक जैसे ही ठेके पर आते हैं, उन्हें डरा-धमका कर भगा दिया जाता है।
दूसरी ओर पुलिस विभाग का कहना है कि यह कार्रवाई जिला पुलिस अधीक्षक डॉ. अमृता दूहन के आदेश पर की जा रही है। एसपी ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि रात 8 बजे के बाद किसी भी सूरत में शराब न बिके। इसी के चलते प्रत्येक ठेके पर दो से तीन पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है, ताकि नियमों की पालना सुनिश्चित हो सके।
इस पूरे मामले को लेकर शराब ठेकेदारों में भारी आक्रोश है। उनका कहना है कि अगर प्रशासन ने जल्द ही इस मुद्दे पर कोई समाधान नहीं निकाला तो वे अनिश्चितकालीन हड़ताल पर चले जाएंगे। हड़ताल की स्थिति में जिले में शराब की आपूर्ति पूरी तरह ठप हो सकती है, जिससे सरकार को राजस्व का भी बड़ा नुकसान झेलना पड़ सकता है।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments