कलेक्ट्रेट के सामने प्रदर्शन करते हुए किसान।
जवाई बांध मंगलवार की सुबह 57 फीट के जलस्तर को पार कर गया। भारतीय किसान संघ के नेतृत्व में किसानों ने बांध से 50 फिट के जलस्तर तक पानी नदी में छोड़ने की मांग की है। किसानों ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया। मुख्यमंत्री के नाम जिला परिषद सीओ को ज्ञापन सौं
भारतीय किसान संघ के जिला अध्यक्ष रतनसिंह ने बताया- जवाई नदी बारिश और जवाई बांध पर निर्भर हैं। इस बार पश्चिमी राजस्थान में अच्छी बारिश के बाद जवाई बांध का गेज मंगलवार की सुबह तक 57 फीट के ऊपर तक पहुंच गया हैं। लेकिन सरकार और स्थानीय प्रशासन अभी भी जवाई के गेट खोल कर पानी छोड़ने को तैयार नहीं हैं।
इससे भारतीय किसान संघ के नेतृत्व में किसानों ने मंगलवार को मल्केश्वर मठ में बैठक आयोजित की। आगामी कार्यक्रम की रणनीति तय कर कलेक्ट्रेट पहुंचे और प्रदर्शन के बाद सीएम के नाम ज्ञापन सौंपा।

जिला परिषद सीओ को ज्ञापन देते हुए किसान।
उन्होंने बताया कि 61.25 फीट की क्षमता वाले बांध का गेज 57 फीट का जलस्तर पार कर चुका है, पानी की आवक लगातार जारी हैं। अगर पानी समय पर नहीं छोड़ा तो अधिक आवक पर अचानक गेट खोलकर निकासी की जाएगी। इससे जालोर में बाढ़ की स्थिति पैदा होगी। ऐसे में पहले ही गेट खोलकर पानी की निकासी कर देनी चाहिए।
किसान नेता बोले- मजबूर होकर प्रदर्शन करेंगे किसान नेता खीमसिंह ने बताया- अगर दो से तीन दिन में गेट खोलकर पानी की निकासी नहीं कि गई तो किसान मजबूर होकर सोमवार को रैली निकालेंगे। साथ ही कलेक्ट्रेट के सामने धरना प्रदर्शन करेंगे। उन्होंने जवाई बांध के 50 फीट तक पानी पर जालोर का हक तय करने की मांग की। साथ ही पोसालिया नदी पर जो फाटक लगाकर गेट बनाए है, उन्हें तुरंत बंद करने की मांग की। सुकड़ी नदी पर जोयला गांव के पास एक जोयला डायवर्जन के बाद उसके फाटक को भी बंद करने की मांग की।
इस दौरान भारतीय किसान संघ के जिला मंत्री जगाराम, जेताराम माली, विक्रमसिंह, जोगाराम माण्डवला, हमीरसिंह माण्डवला, डूगाराम ऐलाणा, जेतूसिंह देसू, पदमाराम तीखी, जुजाराम, हनुमानाराम रतनपुरा, मंगलाराम, हसाराम, भगाराम, मोहनलाल घाची, वगतावरसिंह,राजाराम, हजाराम गोल, जालमसिंह, मिठालाल, तलकाराम, वागाराम चौधरी, नाथूराम, अमराराम, भवरलाल व अम्बाराम समेत बड़ी संख्या में जिलेभर के किसान मौजूद रहे।
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