वाजा के ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारी के खिलाफ चिकित्साकर्मियों ने किया प्रदर्शन।
जवाजा के ब्लॉक मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. धर्मेश आर्य पर भ्रष्टाचार, पद के दुरुपयोग व कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार करने के गंभीर आरोप लगे हैं। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के कर्मचारियों ने इस संबंध में ब्यावर सीएमएचओ डॉ. संजय गहलोत को एक सामूहिक
पत्र में कर्मचारियों ने आरोप लगाए हैं कि डॉ. आर्य चिकित्सा अधिकारियों और नर्सिंग स्टाफ से काम करवाने के बदले नियमित रूप से ‘सुविधा शुल्क’ की मांग करते हैं। रिश्वत न देने पर कर्मचारियों के वेतन, एरियर और भत्ते रोक दिए जाते हैं। कर्मचारियों ने पत्र में वेतन और भत्तों में भी धांधली करने का आरोप लगाया है।
प्रभारी चिकित्सा अधिकारी से मांगी रिश्वत
पत्र में बताया गया है कि बीसीएमओ जवाजा ने पीएचसी किशनपुरा के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी से हर माह 25 हजार रुपए रिश्वत की मांग की। इनकार करने पर अगस्त माह का NPA भत्ता (नॉन प्रैक्टिस अलाउंस) बिना सूचना के काट लिया गया। कई अन्य कर्मचारियों की वार्षिक वेतनवृद्धि, एसीपी/एमएसीपी प्रस्ताव और उपार्जित अवकाश भुगतान को भी जानबूझकर रोका गया और इनके निपटान के लिए रिश्वत मांगी।

स्वास्थ्य कर्मचारियों ने ब्यावर सीएमएचओ डॉ. संजय गहलोत को की बीसीएमओ के खिलाफ शिकायत।
महिला कर्मचारियों से अभद्र व्यवहार
डॉ. आर्य पर महिला कर्मचारियों के साथ अभद्र व्यवहार और अपमानजनक भाषा का उपयोग करने का भी आरोप है। कर्मचारियों ने शिकायत में कहा है कि वे ब्लॉक बैठकों में महिला कर्मचारियों पर अशोभनीय और अश्लील टिप्पणियां करते हैं, जिससे उनकी गरिमा को ठेस पहुंची है।
कर्मचारियों को धमकी
शिकायत में कहा गया है कि डॉ. आर्य कर्मचारियों को धमकाते हुए कहते हैं, ‘मेरी हरियाणा की तलवार है, खून मांग रही है… बकरा तो कटेगा ही।’ इसके अतिरिक्त, छुट्टी या पारिवारिक कारणों से अनुपस्थिति पर कर्मचारियों का मजाक उड़ाने, अपशब्द कहने और उन्हें वीआरएस (स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति) लेने के लिए मजबूर करने जैसे व्यवहार की भी शिकायत की गई है।
आशा सहयोगिनियों व कम्प्यूटर ऑपरेटरों से वसूली
शिकायत के अनुसार, बीसीएमओ जवाजा द्वारा 36 आशा सहयोगिनियों से प्रति व्यक्ति ₹6,000 वसूले गए तथा 7 कम्प्यूटर ऑपरेटरों से ₹5,000 प्रति व्यक्ति वसूले गए। विरोध करने पर नौकरी से हटाने की धमकी दी गई।

ब्यावर सीएमएचओ को दी शिकायत में महिला चिकित्साकर्मियों ने बीसीएमओ पर लगाए अभद्रता करने के आरोप।
आरएमआरएस गाइडलाइन का उल्लंघन
डॉ. आर्य पर शासन सचिव के आदेशों की अवहेलना कर आरएमआरएस फंड के संचालन में अनियमितताएं करने और नियमों को तोड़ने का भी आरोप लगाया गया है।
मानसिक रूप से बीमार कर्मचारी का मजाक उड़ाया
पत्र में उल्लेख है कि उपस्वास्थ्य केन्द्र सरविना पर कार्यरत एक महिला प्रसाविका, जो मानसिक अवसाद (डिप्रेशन) से जूझ रही हैं, को सार्वजनिक बैठक में मजाक बनाकर अपमानित किया गया और नौकरी छोड़ने की धमकी दी गई।
कर्मचारियों की सामूहिक मांग
समस्त जवाजा ब्लॉक के चिकित्सा कर्मियों ने मांग की है कि डॉ. धर्मेश आर्य बीसीएमओ जवाजा के विरुद्ध निष्पक्ष जांच कर कठोर कार्रवाई की जाए, ताकि कर्मचारियों को न्याय मिल सके और ब्लॉक में भयमुक्त कार्य वातावरण पुनः स्थापित किया जा सके।
ब्यावर सीएमएचओ डॉ. संजय गहलोत ने मामले को लेकर कहा कि बीसीएमओ पर लगे आरोप बहुत गंभीर हैं। शिकायतों की जांच की जा रही है। जो भी तथ्य सामने आएंगे उनके आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments