☜ Click Here to Star Rating


सीजीएम कोर्ट ने नरेश मीणा और साथियों की जमानत याचिका खारिज की।

झालावाड़ के मनोहरथाना क्षेत्र के पिपलोदी गांव में स्कूल हादसे के बाद अस्पताल परिसर में धरना प्रदर्शन करने वाले नरेश मीणा और उसके साथियों की जमानत याचिका शनिवार को खारिज कर दी गई।

.

सीजीएम कोर्ट ने याचिका खारिज करते हुए टिप्पणी की है कि ये आदतन अपराधी हैं। इन्होंने हाईकोर्ट के आदेशों की अवहेलना की है। साथ ही सरकारी कर्मचारियों की ड्यूटी में भी व्यवधान डाला है।

अवकाशकालीन मजिस्ट्रेट ने नरेश मीणा को 13 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेजा था।

अवकाशकालीन मजिस्ट्रेट ने नरेश मीणा को 13 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेजा था।

कोर्ट ने कहा कि इनमें हिस्ट्रीशीटर भी शामिल हैं। इन्हें जमानत देने से समाज पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। नरेश मीणा और उसके साथी मुरारीलाल, जयप्रकाश और प्रदीप उर्फ गोलू के खिलाफ राजकार्य में बाधा का मामला दर्ज किया गया था।

इन्हें अस्पताल के बाहर रास्ता रोककर धरना देने के आरोप में गिरफ्तार किया था। साथ ही पुलिस अधिकारी, चिकित्सकों और अन्य स्टाफ के साथ बदतमीजी करने का भी आरोप है। गिरफ्तारी के बाद इन्हें झालावाड़ कोर्ट में पेश किया गया।

कोर्ट ने इन्हें 8 अगस्त तक के लिए न्यायिक हिरासत में जिला कारागार भेज दिया गया। इसके बाद नरेश मीणा और उसके साथियों की ओर से वकीलों ने सीजीएम कोर्ट में जमानत याचिका लगाई थी। इस याचिका को अब खारिज कर दिया गया है।

इससे पहले…

अवकाशकालीन मजिस्ट्रेट के सामने किया पेश पुलिस नरेश मीणा और उसके समर्थकों को 27 जुलाई रविवार दोपहर करीब 1:30 बजे विशेष सुरक्षा के बीच झालावाड़ अस्पताल लेकर पहुंची थी। यहां जांच अधिकारी और पुलिस जाब्ते की मौजूदगी में घटना की तस्दीक की गई। इसके बाद उन्हें अवकाशकालीन मजिस्ट्रेट ACJM मीनाक्षी व्यास के सामने पेश किया गया। जहां से उन्हें और उनके 2 साथियों 13 दिन के लिए न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।

झालावाड़ अस्पताल में प्रदर्शन के दौरान नरेश मीणा को गिरफ्तार किया था।

झालावाड़ अस्पताल में प्रदर्शन के दौरान नरेश मीणा को गिरफ्तार किया था।

दरअसल, SRG मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल और कंट्रोलर, हॉस्पिटल सुपरिटेंडेंट ने नरेश मीणा और उनके साथियों के खिलाफ FIR दर्ज कराई थी। नरेश मीणा पर आरोप है कि उन्होंने झालावाड़ में स्कूल हादसे के बाद झालावाड़ अस्पताल परिसर में धरना-प्रदर्शन किया, जिसके कारण एम्बुलेंस की आवाजाही और आपातकालीन सेवाएं बाधित हुई।

पुलिस टीम के साथ भी की थी धक्का मुक्की

अस्पताल में प्रदर्शन के दौरान पुलिस ने नरेश मीणा और उसके साथियों से समझाइश के प्रयास किए, लेकिन इसके विपरीत नरेश मीणा एवं उसके साथियों ने पुलिस टीम के साथ भी धक्का मुक्की कर अभद्र व्यवहार किया और अपने दूसरे साथियों को भी मौके पर बुलवाने लगा। इससे अस्पताल के आपातकालीन वार्ड में इमरजेंसी वाहनों, मरीजों और डॉक्टरों की आवाजाही पूर्ण रूप से बाधित हो गई।



Discover more from Kuchaman City Directory

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Comments

Leave a Reply

error: Content is protected !!

Sign In

Register

Reset Password

Please enter your username or email address, you will receive a link to create a new password via email.

Discover more from Kuchaman City Directory

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading