हनुमानगढ़ में गोबर से बने 52 फीट के रावण के पुतले का लेटाकर दहन किया गया।
विजयादशमी के मौके पर गुरुवार को जिलेभर में परंपरागत रूप से रावण दहन कार्यक्रम आयोजित किए गए। इस बार कुछ अलग और अनूठा नजारा हनुमानगढ़ जंक्शन में देखने को मिला। यहां पहली बार 52 फीट ऊंचा रावण का पुतला गोबर से तैयार किया गया, जिसे गोधूलि बेला में शास्त्

हनुमानगढ़ जंक्शन में 52 फीट ऊंचा रावण का पुतला गोबर से तैयार किया गया था।
इस खास पहल का आयोजन श्रीदुर्गा रामलीला समिति, हनुमानगढ़ जंक्शन की ओर से किया गया। समिति सचिव बलजीत सिंह ने बताया कि रावण दहन शाम 6 बजकर 6 मिनट पर किया गया, जबकि भगवान श्रीराम का राज्याभिषेक सवा 7 बजे संपन्न हुआ।
रावण के पुतले को पूरी तरह देसी और पर्यावरण के अनुकूल सामग्री से तैयार किया गया। पुतले के निर्माण में 51 मण भारतीय गोवंश का गोबर, 1 क्विंटल गाय का घी, 5 किलो मेवा, 1 मण नारियल, 5 किलो कपूर, डेढ़ किलो रोली, एक किलो मौली, 5 किलो हल्दी, 100 ग्राम केसर, 11 किलो चंदन की लकड़ी, 2 मण हवन सामग्री, 5 किलो चावल, 5 किलो जौ और एक किलो गूगल का प्रयोग किया गया।
पुतला पूरी तरह प्लास्टिक और पटाखा रहित था। समिति की ओर से बताया गया कि इस पवित्र आयोजन का उद्देश्य भारतीय परंपराओं को बढ़ावा देना और पर्यावरण को स्वच्छ बनाना था। कृषि उपज मंडी समिति के सचिव पंडित विष्णुदत्त शर्मा ने बताया कि चित्तौड़गढ़ के बाद पहली बार प्रदेश में हनुमानगढ़ जिले में गोबर से बना रावण का दहन किया गया। रावण को शास्त्रों के अनुसार लेटाकर अग्नि दी गई।
इस ऐतिहासिक आयोजन में हनुमानगढ़ विधायक गणेशराज बंसल, भाजपा नेता अमित चौधरी, आशीष पारीक, कांग्रेस नेता मनीष मक्कासर समेत शहर के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम में हजारों श्रद्धालुओं की उपस्थिति रही। रावण दहन के बाद पूरा वातावरण जय श्रीराम के नारों से गूंज उठा। आयोजन के बाद समिति द्वारा प्रसाद का वितरण भी किया गया।
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments