बाड़मेर जिले के सेड़वा हरपालेश्वर महादेव मंदिर परिसर में संचालित आवासीय हॉस्टल में बच्चों के साथ मारपीट और सरिए से दागने का मामला सामने आया है। वहां पर बच्चों को पढ़ाने वाले व्यक्ति ने बच्चों के साथ मारपीट की और उन्हें जगह-जगह गर्म लोहे के सरिए से दाग द
दरअसल, 17 अगस्त की रात को लोहे के सरिए से दागने के बाद एक बच्चा मंदिर परिसर से भाग कर बाहर निकला। चिल्लाने लगा तो लोगों ने उसके परिजनों तक पहुंचाया। मंगलवार को परिजन समेत गांव के मौजिज लोग इकट्ठे होकर मंदिर आए तो पता चला कि एक भरतपुर का व्यक्ति सालों से मंदिर में है। लंबे समय से बच्चों के साथ मारपीट और हैवानियत कर रहा है। 8-10 साल के बच्चे जो नींद में पेशाब कर देते है, उन्हे लोहे के सरिए से दाग दिया। इससे खून से सने हुए कपड़ों में बच्चे परिजनों तक पहुंचे तो उनके भी रोंगटे खड़े हो गए।
सारला सरपंच मोहनलाल ने बताया- हरपालेश्वर महादेव मंदिर में लंबे समय से एक व्यक्ति बच्चों के साथ अमानवीय कृत्य कर रहा है। पूर्व में भी इसकी शिकायतें आई थी, इसके बाद लोगों ने ट्रस्ट की बदनामी के डर से शांत कर दिया। अब उसी व्यक्ति नारायणगिरी ने बच्चों के साथ मारपीट की और उन्हें जगह-जगह से दाग दिया। बच्चों ने बताया कि रात के समय जो बच्चे नींद में बिस्तर पर पेशाब कर देते हैं, उन बच्चों को उसने लोहे से दाग दिया कि वो बिस्तर में पेशाब नहीं करेंगे।
सेड़वा थानाधिकारी दीपसिंह ने बताया- बच्चों के साथ मारपीट का मामले की शिकायत मिली थी, इसके बाद व्यक्ति को पूछताछ के लिए थाने लाए है। हम मामले की जांच कर रहे हैं।

हास्टल के बच्चों का सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आने के बाद पूरा मामला उजागर हुआ।
सोशल मीडिया पर एक वीडियो आया सामने
लकड़ासर का एक बच्चे को दागने के बाद वो खून से लथपथ हुए मंदिर से भाग कर बाहर आया और वहां हाथ थड़ी चला रहे एक व्यक्ति को घटना बताई जिसके बाद उसे परिजनों तक पहुंचाया। यह घटना जन्माष्टमी की है। कई बच्चों के साथ गंभीर मारपीट की गई है और शरीर पर कई निशान है। परिजनों के मंदिर पहुंच कर हंगामा करने और बच्चों को दागने का विरोध किया। इसके बाद बच्चों से पूछताछ का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है, जिसमें सभी बच्चे बता रहे हैं कि उनके साथ मारपीट की गई। भारत-पाक बॉर्डर से महज 20 किमी. दूरी पर 2008 में हरपालेश्वर महादेव मंदिर का निर्माण करवाया गया।
2022 में खोला था आवासीय हॉस्टल
तीन साल पहले हरपालेश्वर मंदिर में आवासीय छात्रावास खोला गया। जिसमें 2022 में 25 बच्चों का एडमिशन किया गया। ये बच्चे घुमंतु, आदिवासी, अनाथ और गरीब परिवारों के है। इन बच्चों को शिक्षा के साथ-साथ पूजा-पाठ और आध्यात्मिक ज्ञान गुरुकुल पद्धति से दिया जा रहा है। इसके अलावा सारला की एक निजी स्कूल में अध्ययनरत है। कृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर बच्चों के साथ व्यक्ति नारायणगिरी ने मारपीट की और उन्हें गर्म सरिए से दागा गया। इसके बाद मामले ने तूल पकड़ा और ग्रामीणों के विरोध के बाद अब नारायणगिरी को सेड़वा थाना पुलिस ने हिरासत में लिया है।
Related
Discover more from Kuchaman City Directory
Subscribe to get the latest posts sent to your email.
Comments