☜ Click Here to Star Rating



ट्रांसपोर्ट नगर इलाके में बस में जहरखुरानी कर लाखों रुपए के गहने-कैश लूटने का मामला सामने आया है।

जयपुर में जहरखुरानी कर एक दंपती से लाखों रुपए के गहने-कैश लूटने का मामला सामने आया है। लस्सी में जहर मिलाकर पिलाने से बेहोश पति-पत्नी बस के स्लीपर में पड़े मिले। चार दिन बाद हॉस्पिटल में होश आने पर जहरखुरानी कर लूटने का पता चला। ट्रांसपोर्ट नगर थाने म

.

हेड कॉन्स्टेबल मनीराम ने बताया- जहरखुरानी की वारदात जयसिंहपुरा खोर के द्वारकापुरी निवासी किशन सिंह (36) व उनकी पत्नी प्रियंका देवी (33) के साथ हुई। रविवार रात करीब 1:30 बजे वह ट्रांसपोर्ट नगर सर्किल से उत्तर प्रदेश जाने के लिए प्राइवेट बस में चढ़े थे। बस में जगह नहीं मिलने पर पहले से 2 व्यक्ति स्लीपर में बैठे थे। उन्होंने स्लीपर में बैठने की कहकर उनसे 400 रुपए किराया भी लिया। कुछ दूर बाद ही भाई साहब और बहनजी कहकर बातचीत करने लगे।

मरने के लिए स्लीपर में छोड़ गए पीड़ित किशन सिंह ने बताया- रास्ते में मीठी-मीठी बात करने के दौरान दोनों व्यक्तियों ने लस्सी पीने को दी। लस्सी में नशीला पदार्थ मिला होने के कारण दोनों ही बेहोशी की हालत में हो गए। स्लीपर से नीचे उतरने की कोशिश करने पर मुंह पर हाथ रखकर कुछ सुंघाया। उसकी जेब में रखे 1.50 लाख रुपए और पत्नी का सोने का मंगलसूत्र, कानों के झुमके व उनके दो मोबाइल लूट लिए। बेहोश होने पर स्लीपर के अंदर मरने को छोड़कर चले गए।

होश आने पर जहरखुरानी का चला पता बस के स्लीपर में बेहोश मिलने पर उन्हें अनजान व्यक्तियों ने आगरा हॉस्पिटल में एडमिट करवाया। हॉस्पिटल में करीब 3-4 दिन इलाज चलने के बाद दोनों पति-पत्नी को होश आया। होश आने पर लोगों ने उनके साथ जहरखुरानी करने के बारे में बताया। होश में आने पर लाखों रुपए के गहने-कैश लूट के बारे में पता चला। जयपुर आने पर ट्रांसपोर्ट नगर थाने में पीड़ित दंपती ने शिकायत दर्ज करवाई।



Discover more from Kuchaman City Directory

Subscribe to get the latest posts sent to your email.

Comments

Leave a Reply

error: Content is protected !!

Sign In

Register

Reset Password

Please enter your username or email address, you will receive a link to create a new password via email.

Discover more from Kuchaman City Directory

Subscribe now to keep reading and get access to the full archive.

Continue reading