हवाई अड्डे की सभी व्यवस्थाएं संभालने का जिम्मा मुझ पर था। इसी भाग-दौड़ के बीच सुबह अचानक पिता के निधन का पता लगा। घरवालों से दूर अकेली थी। बड़ी मुश्किल से खुद को संभाला। गमगीन माहौल के बीच दोपहर में अंत्येष्टि की गई। तत्कालीन पुलिस उपायुक्त (पूर्व) डॉ. अमृता दुहन ने घर पर ही रुकने की सलाह दी। चुनावी सभाओं के चलते प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी व गृहमंत्री अमित शाह और अन्य वीवीआइपी नेताओं की सभाएं होने वाली थी। ऐसे में घरवालों से बातचीत व हौसला अफजाई के बाद कर्तव्य पालना करना तय किया। उसी दिन शाम को ड्यूटी पर लौटी और सभी व्यवस्थाएं संभाली। पति लक्ष्मण सैनी जयपुर में आयुर्वेद विभाग के सीनियर मेडिकल ऑफिसर हैं। 12 साल का एक पुत्र है। जिसकी पढ़ाई और सभी जिम्मेदारियां पति बखूबी संभालते हैं। उनके सहयोग की बदौलत ही वो राउण्द द क्लॉक वाली पुलिस विभाग की ड्यूटी बखूभी संभाल पा रही हैं।
महिलाओं को दिलाई राहत
बतौर एयरपोर्ट थानाधिकारी रहने के दौरान सांसी बस्ती में रोजाना महिलाओं से मारपीट की शिकायतें मिलती थी। शराब के नशे में पति आए दिन रात को पत्नी से मारपीट करते थे। ऐसे में बस्तीवासियों की मीटिंग ली। लोगों से समझाइश दी। कानून का डर भी बताया। इसके चलते महिलाओं को राहत मिली और शिकायतें कम हुईं।
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खाप पंचों को पाबंद करवाया
सांसी बस्ती में खाप पंचायतों का काफी प्रचलन था। इसी से परेशान होकर पूनाराम सांसी आत्महत्या करने रेलवे ट्रैक पर चला गया था। उसे पकडक़र घर लाए, लेकिन वह मानसिक प्रताडऩा से बीमार हो गया। उसे अस्पताल में भर्ती करवाया। बस्ती के खाप पंचों को एकत्रित कर न सिर्फ चेतावनी दी बल्कि कोर्ट से पाबंद भी कराया। नागौरी गेट थाना क्षेत्रों में बैठकों के मार्फत आमजन से बच्चों को पढ़ाने के साथ-साथ अपराध से दूर रहकर पुलिस का सहयोग करने के लिए प्रेरित किया जा रहा है।
जज्बे को सलाम : सुबह पिता की अंत्येष्टि में शामिल हुई, शाम को ड्यूटी पर लौटीं शैफाली सांखला | Shafali Sankhla attended her father funeral in the morning and returned to duty in the evening – New Update
Credit : Rajasthan Patrika